Sunday, September 15, 2019

पॉपकॉर्न विद पप्पी: बॉलिवुड के 'बैड मैन' गुलशन ग्रोवर ने खोले अपनी जिंदगी से जुड़े कई राज

हिंदी फिल्मों में जब खलनायकों की गिनती होती है, तो 'गब्बर सिंह' और 'मोगैम्बो' के बाद एक और नाम सभी के दिमाग में आता है और वो है 'बैड मैन' का। करीब 750 फिल्मों में अपनी ऐक्टिंग का जलवा दिखाने वाले अभिनेता गुलशन ग्रोवर ने जिस तरह से विलन का रोल निभाते हुए भी ऑडियंस के दिल और दिमाग में जगह बनाई है वैसा कमाल कम ही ऐक्टर्स दिखा पाए हैं। जहां एक ओर कई लोग बॉलिवुड में हीरो बनने का सपना लेकर आते हैं तो वहीं गुलशन ग्रोवर विलन बनकर पहचान पाना चाहते थे। इस बार पॉपकॉर्न विद पप्पी में आए इस स्टार ने अपनी पर्सनल लाइफ से जुड़ी ऐसी ही कई बातें बताईं। दिल्ली में बतौर ऐक्टर फेमस थे गुलशनबॉलिवुड के बैड मैन गुलशन ग्रोवर ने हॉलिवुड में भी अपनी ऐक्टिंग का जलवा दिखाया है। दिल्ली में पले-बढ़े गुलशन को अभिनय का शौक बचपन से ही था। कॉमर्स में मास्टर्स करने के साथ साथ वह कॉलेज की नाटक मंडली का भी हिस्सा थे। दिखने में सुन्दर गुलशन बाकी कॉलेजों में भी काफी फेमस थे। यहां तक कि दूसरे नाटक दल भी उन्हें उनके ड्रामा में ऐक्ट करने के लिए बुलाते थे। ऐक्टिंग के लिए पैशनेट गुलशन ने ठान लिया कि वह अभिनय की दुनिया में ही नाम कमाना चाहते हैं। मुंबई में भी गुलशन ने नाटक का साथ नहीं छोड़ा। वह जानी-मानी नाटक कंपनी Little Theatre Group के साथ जुड़े रहे। इसके साथ ही उन्होंने ऐक्टर बनने की ट्रेनिंग लेनी भी शुरू कर दी। यहां उनका परिचय अनिल कपूर से हुआ जो बाद में उनके बहुत अच्छे दोस्त बन गए। अनिल कपूर के कारण मिला 'सदमा' में रोलफिल्म 'सदमा' में अपने नेगेटिव रोल से डरा देने वाले गुलशन को उनका यह रोल अनिल कपूर के कारण ही मिला था। यह कैसे हुए इस बारे में उन्होंने इंटरव्यू में बड़े रोचक ढंग से जानकारी दी। गुलशन ने यह भी बताया कि जिस समय उन्हें रोल मिला उस समय काम न मिलने के कारण वह डिप्रेशन से जूझ रहे थे। हर किरदार अलगगुलशन ने भले ही अपने फिल्मी करियर में कई नेगेटिव रोल किए हों लेकिन सबसे खास बात यह है कि उनका इनमें से कोई भी किरदार एक-दूसरे से मिलता-जुलता नहीं दिखता था। चाहे 'सदमा' का बलुआ हो या फिर 'राम लखन' का केसरिया विलायती हो, गुलशन का हर खलनायक वाला रोल कभी एक जैसा नहीं दिखा। वह अपने किरदार के लिए नाक-नक्श से लेकर चाल-ढाल और बोल-चाल तक को इतना बदल लेते थे कि किरदार में नई जान आ जाती थी और उनका हर रोल यादगार बन जाता। इतने बेहतरीन ऐक्टर को 'आई एम कलाम' में उनके अभिनय के लिए राष्ट्रीय पुरस्कार के लिए नॉमिनेट भी किया गया। उन्हें न्यूयॉर्क सिटी फिल्म फेस्टिवल और हूस्टन फिल्म फेस्टिवल में बेस्ट ऐक्टर अवॉर्ड से नवाजा गया। 'बैड मैन' की जीवनीगुलशन ग्रोवर के जीवन पर बायॉग्रफी लिखी गई है, इसका नाम 'बैड मैन' रखा गया है। इस किताब में गुलशन के इंडस्ट्री में उनकी बीते 25 साल की जर्नी की कहानी बताई गई है। 700 से भी ज्यादा फिल्मों में दिखाई देने वाले गुलशन ग्रोवर ने कई मजेदार किस्से भी बताए हैं। उन्होंने यह भी बताया कि हीरो से ज्यादा विलन बनना फायदेमंद होता है क्योंकि वह हीरो से ज्यादा यादगार होता है। अपकमिंग फिल्मगुलशन ग्रोवर फिर से बड़े पर्दे पर जल्द ही नेगेटिव रोल निभाते दिखेंगे। ऐक्टर ने बताया कि वह रोहित शेट्टी की अक्षय कुमार स्टारर फिल्म 'सूर्यवंशी' में विलन का रोल निभा रहे हैं। इसके साथ ही महेश भट्ट की 'सड़क 2' में भी वह मुख्य खलनायक बने हैं। वहीं मल्टी स्टारर फिल्म 'मुंबई सागा' में भी उनका नेगेटिव किरदार दर्शकों को देखने को मिलेगा।


from Bollywood News in Hindi, बॉलीवुड न्यूज़, Hindi Movies News, हिंदी मूवीज़ समाचार, फिल्मी खबरें | Navbharat Times https://ift.tt/2QdN4Kh
via IFTTT

No comments:

Post a Comment